Gayasuddin Babukhan Passed Away: हैदराबाद के मशहूर रियल एस्टेट डेवलपर, बिजनेसमैन और समाजसेवी गयासुद्दीन बाबूखान का आज यानी कि सोमवार, 25 अगस्त को लंबी बीमारी के बाद निधन हो गया. उनके निधन पर AIMIM सांसद ओवैसी, जमात के अध्यक्ष सैयद सआदतुल्लाह हुसैनी समेत कई बड़ी हस्तियों ने दुख जताया.
पारिवारिक सूत्रों के अनुसार, प्रसिद्ध बिल्डर और समाजसेवी गयासुद्दीन बाबूखान का आज अस्पताल में निधन हो गया. वह 83 वर्ष के थे. उनके परिवार में पत्नी, तीन बेटे और एक बेटी हैं.
बाबूखान एंटरप्राइजेज के प्रमुख रह चुके गयासुद्दीन बाबूखान ने मुगल बिल्डर्स एंड प्लानर्स और बाबूखान प्रॉपर्टीज की सह-स्थापना की थी. इन दोनों संस्थाओं ने हैदराबाद के आधुनिक स्वरूप को गढ़ने में अहम भूमिका निभाई है.
शिक्षा के क्षेत्रों में विशेष योगदान
बिजनेस के अलावा, गयासुद्दीन बाबूखान समाज सेवा और शिक्षा के कामों में भी बहुत जुड़े हुए थे. उन्होंने हैदराबाद जकात एंड चैरिटेबल ट्रस्ट (HZCT) और फाउंडेशन फॉर इकोनॉमिक एंड एजुकेशनल डेवलपमेंट (FEED) की स्थापना में अहम भूमिका निभाई. इन संस्थाओं की मदद से हजारों जरूरतमंद छात्रों को पढ़ाई का सहारा मिला.
AIMIM सांसद ओवैसी ने क्या कहा ?
AIMIM प्रमुख और सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने गयासुद्दीन बाबूखान के निधन पर दुख जताया. उन्होंने कहा कि गयासुद्दीन बाबूखान का निधन हैदराबाद के लिए एक बड़ा नुकसान है. वे एक समर्पित समाजसेवी थे, जिनके गरीबों को शिक्षित करने के प्रयासों को हमेशा याद रखा जाएगा. उनके परिवार और दोस्तों के प्रति मेरी संवेदनाएं. अल्लाह उन्हें मगफिरत और उनके परिवार को सब्र दे.
The passing of Ghiasuddin Babukhan is a great loss for Hyderabad. He was a dedicated philanthropist whose efforts in educating the poor will be remembered. My condolences to his family and friends. May Allah grant him maghfirah and patience to his loved ones.
— Asaduddin Owaisi (@asadowaisi) August 25, 2025
जमात के अध्यक्ष ने जताया दुख
जमात- ए- इस्लामी हिंद के अध्यक्ष सैयद सआदतुल्लाह हुसैनी ने दुख जताते हुए कहा कि जनाब गयासुद्दीन बाबूखान साहब के इंतिकाल पर मैं दिल से अपनी संवेदनाएं पेश करता हूं. समाज के लिए उनका बेहतरीन योगदान, खासकर हैदराबाद जकात एंड चैरिटेबल ट्रस्ट के जरिए, जिससे हजारों जिंदगियां बदलीं, आने वाली नस्लों तक याद रखा जाएगा.
सैयद सआदतुल्लाह हुसैनी ने आगे कहा कि वह तालीम के सच्चे हिमायती और दबे-कुचलों के हमदर्द और मुस्लिम कौम के एक बड़े खैरख्वाह थे. उन्होंने जकात और रहमदिली की रूह को अपने कामों से जिंदा किया. उनकी फलाही कोशिशों ने उम्मत की तालीमी तरक्की, गरीबी के खिलाफ जद्दोजहद, राहत कार्यों और कौमी तरक्की में अहम किरदार अदा किया.
I extend my heartfelt condolences on the passing of Janab Ghiasuddin Babukhan. His remarkable contributions to society, especially through the Hyderabad Zakat & Charitable Trust, which transformed the lives of thousands, will be remembered for generations to come.
He was a true… pic.twitter.com/SJZEPVXzv9
— Jamaat-e-Islami Hind (@JIHMarkaz) August 25, 2025
जमात के अध्यक्ष ने कहा कि मैं अल्लाह से उनकी मगफिरत की दुआ करता हूं. अल्लाह तआला उन्हें जन्नतुल फिरदौस में आला मकाम अता फरमाए और उनके घरवालों व उन सभी लोगों को सब्र दे जो उनकी याद और मिशन को आगे बढ़ा रहे हैं.
BRS नेता के. कविता ने क्या कहा?
वहीं भारत राष्ट्र समिति (BRS) की नेता के. कविता ने कहा कि हैदराबाद की मशहूर शख्सियत और सच्चे इंसानियत पसंद गयासुद्दीन बाबू खान जी के निधन की खबर सुनकर बहुत दुख हुआ. गरीबों और जरूरतमंदों की मदद के लिए उन्होंने पूरी जिंदगी काम किया और कई स्कूलों और समाजसेवी संस्थाओं के जरिए लोगों की सेवा की. उनका योगदान हमेशा याद रखा जाएगा. उनके परिवार और दोस्तों के प्रति दिल से संवेदनाएं. भगवान उनकी आत्मा को शांति दे.

