Ayush Malik Conversion Case: उत्तर प्रदेश के शामली में आयुष मलिक नाम के एक नौजवान जो सालों तक इस्लाम की जानकारी इकट्ठा करने के बाद हिंदू धर्म को छोड़ इस्लाम कबूल कर लिया था. इसके बाद आयुष मलिक ने अपना नाम बदलकर मोहम्मद अली बन गया. आयुष ने चांदनी कुरैशी नाम की एक मुस्लिम लड़की से शादी की. इसके बाद आयुष के पिता देवराज मलिक ने चांदनी और उसके रिश्तेदारों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया. पुलिस ने चांदनी, उसके पिता समेत कई लोगों को धर्मांतरण कराने के मामले में गिरफ्तार कर ली. वहीं, आयुष का एक नया वीडियो जारी किया गया, जिसमें वह हिंदू धर्म में घर वापसी की बात कर रहा है.
इस मामले में आयुष के दोस्त मोहम्मद सुलतान ने इलाहाबाद हाईकोर्ट में एक याचिका दायर करके मांग की थी कि उसका दोस्त खुद से इस्लाम धर्म कबूल किया था और चांदनी नाम की लड़की से शादी की. याचिका में आरोप लगाया कि आयुष को उसके पिता ने पुलिस की मदद से गैर कानूनी रूप से घर में डिटेन करके रखा है. इस याचिका पर सुनवाई करते हुए बुधवार (9 सितंबर) को इलाहाबाद हाईकोर्ट के जज जस्टिस संदीप जैन ने राज्य सरकार, पुलिस और आयुष के पिता को उन्हें कोर्ट में पेश करने का निर्देश दिया है. अगर आयुष को पेश नहीं किया गया तो संबंधित अधिकारियों को व्यक्तिगत हलफनामा दाखिल कर बताना होगा कि उन्हें अदालत के सामने लाने के लिए क्या कदम उठाए गए.
गौरतलब है कि आगामी 16 सितंबर को आयुष मलिक इलाहाबाद हाईकोर्ट के जज के सामने क्या बयान देते हैं, उन्हीं के बया पर यह मामला साफ होगा कि उन्हें वाकई उनकी इच्छा के खिलाफ घर में डिटेन करके रखा गया था. या वह सच में इस्लाम छोड़ हिंदू धर्म में घर वापसी कर ली है.

