नई दिल्ली: मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने बुधवार को दिल्ली में शारीरिक कक्षाएं लेने में असमर्थ छात्रों के लिए देश का पहला वर्चुअल स्कूल लॉन्च किया।
केजरीवाल ने लॉन्च करते हुए कहा, हमने हैप्पीनेस क्लासेस, देशभक्ति पाठ्यक्रम और कई विशेष स्कूल शुरू किए, साथ ही हम ट्रैफिक लाइट पर भीख मांगने वाले बच्चों के लिए आवासीय स्कूल बना रहे हैं। स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी, स्किल यूनिवर्सिटी की स्थापना की गई है, आर्मी प्रिपरेटरी स्कूल शुरू किया गया है। आज हम देश का पहला वर्चुअल स्कूल शुरू करने जा रहे हैं।
उन्होंने कहा कि कई माता-पिता लड़कियों को बाहर नहीं भेजना चाहते हैं, कई बच्चे जल्दी काम करना शुरू कर देते हैं, ऐसे बच्चे इस वर्चुअल स्कूल में पढ़ सकते हैं।
Students can attend live classes and access recorded class sessions and study material in Delhi Model Virtual School. We will also help the students to prepare for competitive exams like JEE and NEET: Delhi CM Arvind Kejriwal
— ANI (@ANI) August 31, 2022
उन्होंने एक डिजिटल प्रेस ब्रीफिंग में कहा, बच्चों को शारीरिक रूप से स्कूल आना चाहिए, लेकिन जो इसे बनाने में असमर्थ हैं, उन्हें यह स्कूल शिक्षा प्रदान करेगा।
उन्होंने आगे कहा, स्कूली शिक्षा मंच में प्रवेश पूरे भारत के छात्रों के लिए खुला होगा और उन्हें कौशल आधारित प्रशिक्षण के साथ नीट, सीयूईटी और जेईई जैसी प्रवेश परीक्षाओं के लिए विशेषज्ञों द्वारा भी तैयार किया जाएगा।
कक्षा 9 के लिए 2022-23 के लिए बुधवार से आवेदन आमंत्रित किए जा रहे हैं। इसके लिए देश भर से 13 से 18 साल की उम्र का कोई भी बच्चा आवेदन कर सकता है।
प्रत्येक बच्चे को एक आईडी पासवर्ड दिया जाएगा, जिसके माध्यम से वह कक्षाओं में भाग ले सकेगा, डिजिटल लाइब्रेरी की सामग्री तक पहुंच सकेगा। इस वर्चुअल प्लेटफॉर्म को गूगल और स्कूल नेट इंडिया ने बनाया है। यह एक क्रांतिकारी कदम होगा।
—आईएएनएस

