Mohd. Irshad Alam

Mohd. Irshad Alam is a versatile and seasoned Multimedia Producer with rich experience spanning over 21+ years across diverse media formats. Specializing in Digital Media Management, Multimedia Production, and SEO Optimization, he has crafted a noteworthy career in various facets of media including, but not limited to, News Channels, Digital Media, Web-Portals, Radio, and Print.
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तेरे सोफे हैं अफरंगी, तेरे क़ालीन ईरानी || Dr Allama Iqbal

ترے صوفے ہیں اَفرَنگی، ترے قالین اِیرانی لہو مجھ کو رلاتی ہے جوانوں کی تَن آسانی तेरे सोफे हैं अफरंगी, तेरे क़ालीन ईरानी लहू मुझ को रुलाती...
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हिजरत की यात्रा में घटनाएँ

हिजरत की यात्रा में घटनाएँबिस्मिल्लाहिर्रहमानिर्रहीम (अल्लाह दयावान, कृपाशील के नाम से)اَللّٰہُمَّ صَلِّ عَلٰی مُحَمَّدٍ وَّعَلٰی اٰلِ مُحَمَّدٍ وَّ بَارِکْ وَسَلَّمْ “ऐ अल्लाह, दयालुता की बारिश कर...
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अल्लाह के रसूल (सल्ल.) की मदीना को हिजरत

अल्लाह के रसूल (सल्ल.) की मदीना को हिजरतबिस्मिल्लाहिर्रहमानिर्रहीम (अल्लाह दयावान, कृपाशील के नाम से)प्रिय दर्शको,आज आपके सामने हिजरते-मदीना की घटना प्रस्तुत की जाएगी। मक्का वालों...
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अगर जवाँ हों मेरी क़ौम के जसूर व गयूर || Dr Allama Iqbal

اگر جواں ہوں مری قوم کے جسُور و غَیٗور قلندری مری کچھ کم سکنْدری سے نہیں अगर जवाँ हों मेरी क़ौम के जसूर व गयूर क़लन्दरी मेरी...
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“क़ुम बे-इज़-निल-लाह” कह सकते थे जो रुखसत हुए

’’قُم بِاِذنِ اللہ‘‘ کہہ سکتے تھے جو رخصت ہو ئے خانقاہوں میں مُجاور رہ گئے یا گورکَن "क़ुम बे-इज़-निल-लाह" कह सकते थे जो रुखसत हुए ख़ानक़ाहों में...