जिलाधिकारी राकेश कुमार मिश्र ने की जिला बाल श्रम बंधु समिति की बैठक

अमेठी जिलाधिकारी राकेश कुमार मिश्र की अध्यक्षता में आज कलेक्ट्रेट सभागार में जनपदीय बाल श्रम उन्मूलन समिति एवं बंधुआ श्रम सतर्कता समिति की बैठक आयोजित हुई. जिलाधिकारी ने कहा की श्रमिकों को शासन की योजनाओं से आच्छादित कराएं एवं कैंप लगाकर उनका पंजीकरण आयुष्मान गोल्डन कार्ड बनवाएं.

बैठक में सहायक श्रम आयुक्त ने जिलाधिकारी महोदय को अवगत कराया कि अब तक 110449 श्रमिकों द्वारा पंजीयन किया गया है.वित्तीय वर्ष 2022-23 में माह अगस्त तक 120 अधिष्ठान को पंजीकृत किया गया है.

उन्होंने बताया कि बीओसी योजना के अंतर्गत अब तक कुल 1067 प्राप्त आवेदन के सापेक्ष 723 आवेदन निस्तारित किए जा चुके हैं, शेष पर कार्यवाही की जा रही है.

बोर्ड कार्यालय से प्राप्त 29579 श्रमिकों की सूची के सापेक्ष अब तक 2448 श्रमिकों का आयुष्मान गोल्डन कार्ड विभिन्न विभागों से सामान्य कर निर्गत किया गया है जिस पर जिलाधिकारी ने असंतुष्टि जाहिर करते हुए सहायक श्रम आयुक्त को निर्देशित करते हुए कहा कि कैंप के माध्यम से पंजीकृत श्रमिकों का सत प्रतिशत गोल्डन कार्ड बनाएं एवं प्रगति में सुधार लाएं.

प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन योजना के अंतर्गत 6341 पंजीकरण किए गए हैं. असंगठित श्रमिक ई श्रम पंजीयन के 831197 श्रमिक पंजीकृत है.

उन्होंने कहा कि बाल/किशोर श्रम प्रभियोजन के संबंध में विभिन्न अधिष्ठान/प्रतिष्ठानों का निरीक्षण समय-समय पर करते रहे, जिससे बाल श्रमिकों का शैक्षिक व आर्थिक पुनर्वासन कराया जा सके.

उन्होंने कहा कि बाल श्रमिक विद्या योजना के अंतर्गत 7 बच्चों को लाभान्वित किया गया है. 6 बच्चों के परिवार का राशन कार्ड बनाया गया है किशोर श्रमिकों के कौशल विकास हेतु सूची कौशल विकास विभाग को प्रेषित की गई है.

उन्होंने कहा कि अंतर राज्य प्रवासी कर्मकार अधिनियम के तहत अब तक 16 बंधुआ श्रम प्रथा उत्सादन अधिनियम के अंतर्गत श्रमिकों मुक्त अवमुक्त कराया गया है.

जिलाधिकारी ने कहा कि नवीन बंधुआ श्रम पुनर्वास नीति के तहत बंधुआ श्रमिकों के संबंध में तात्कालिक सहायता की राशि बढ़ाकर ₹30000/- कर दी गई है.

अंतिम पुनर्वासन की राशि पूर्वत पुरुष बंधुआ श्रमिक हेतु रुपए 100000/- महिला एवं बाल बंधुआ श्रमिक हेतु ₹200000/- विशेष कैटेगरी यथा ट्रांसजेंडर, वेश्यावृत्ति से छुड़ाई गई महिलाओं के लिए ₹300000/- शासन द्वारा नियत की गई है.

इसके साथ ही जिलाधिकारी ने कहा कि बाहर से आने वाले श्रमिकों व उनके बच्चों के लिए समय-समय पर हेल्थ कैंप चिकित्सकीय जांच शिक्षा की व्यवस्था की जाए बैठक के दौरान मुख्य विकास अधिकारी डॉ अंकुर लाठर जिला विकास अधिकारी तेजभान सिंह मुख्य चिकित्सा अधिकारी विमलेंद्र शेखर डीसी मनरेगा जिला प्रोबेशन अधिकारी सहित अन्य संबंधित अधिकारी मौजूद रहे.

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