Israel- Gaza Conflict: इजराइल गाजा पट्टी में लगातार हमले कर रहा है. इजराइल ने हाल के दिनों में हमले तेज कर दिए है, जिससे गाजा में मरने वालों की संख्या में तेजी से बढ़ोत्तरी हो रही है. इसी बीच हमास ने ऐलान करते हुए कहा कि वह एक व्यापक युद्धविराम (सीजफायर) समझौते के लिए तैयार है, जो कि सभी इजराइली बंदियों की रिहाई से जुड़ा होगा. साथ ही हमास ने यह भी स्वीकार किया है कि गाजा का प्रशासन चलाने के लिए एक स्वतंत्र राष्ट्रीय प्रशासन का गठन किया जाए.
हमास ने बयान में क्या कहा ?
हमास के बयान में कहा गया कि हम एक ऐसे व्यापक युद्धविराम समझौते के लिए तैयार हैं, जिसमें सभी इजराइली बंदियों की रिहाई शामिल हो. हम गाजा को चलाने के लिए एक स्वतंत्र राष्ट्रीय प्रशासन के गठन पर भी सहमत हैं.
बेंजामिन नेतन्याहू ने हमास का प्रस्ताव ठुकराया
मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के ऑफिस ने इस प्रस्ताव को ठुकरा दिया है.
प्रधानमंत्री कार्यालय ने जोर देकर कहा कि युद्ध का अंत केवल इजराइल की शर्तों पर ही हो सकता है.
इजराइली पीएम नेतन्याहू के ऑफिस की ओर से कहा गया कि युद्ध तुरंत खत्म हो सकता है, लेकिन केवल उन्हीं शर्तों पर जो इजराइली कैबिनेट तय करेगी.
इजराइल ने वेस्ट बैंक को विलय करने का प्रस्ताव पेश किया
इस बीच, इजराइल के अति-दक्षिणपंथी वित्त मंत्री बेजलेल स्मोट्रिच ने विवादित प्रस्ताव पेश किया है, जिसमें इजराइल द्वारा लगभग पूरे कब्जे वाले वेस्ट बैंक को हड़पने की योजना शामिल है.
स्मोट्रिच ने प्रधानमंत्री नेतन्याहू से इस योजना का समर्थन करने की अपील करते हुए कहा कि इजराइल को अब आगे बढ़कर वेस्ट बैंक का विलय करना चाहिए. मैं प्रधानमंत्री से आग्रह करता हूं कि वे इस योजना को मंजूरी दें.
अल जजीरा का रिपोर्ट के मुताबिक, आज यानी कि गुरुवार, 4 सितंबर को सुबह से गाजा सिटी और पूरे गाजा पट्टी के शिविरों पर इजराइल द्वारा किए जा रहे हमलों में कम से कम 45 फिलिस्तीनियों की मौत हो चुकी है.
इजराइली हमलों में इतने फिलिस्तीनी मारे जा चुके हैं
इजराइल पिछले लगभग 23 महीनों से गाजा पट्टी में घुसकर हमले कर रहा है. इस हमले हर दिन मासूम फिलिस्तीनी मारे जा रहे हैं. वहीं इसके साथ ही अब भूखमरी के कारण भी फिलिस्तीनी मारे जा रहे हैं. गाजा के स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, इजराइल द्वारा गाजा में लगातार किए जा रहे हमलों से लगभग 64,231 फिलिस्तीनी मारे गए हैं, जबकि 161,583 लोग घायल हुए हैं. इनमें ज्यादातर महिलाएं और बच्चें शामिल हैं.

