Uttar Pradesh MLC Elections: हाल ही में उत्तर प्रदेश के 11 MLC सीटों पर मतदान हुए. बीते 27 अक्टूबर को MLC चुनाव की मतगणना हुई. समाजवादी पार्टी ने मतगणना में गड़बड़ी का आरोप लगाया. गोरखपुर शिक्षक MLC चुनाव की मतगणना में चोरी का आरोप लगाते हुए समाजवादी पार्टी के प्रत्याशी संजयन त्रिपाठी ने विरोध किया और मतगणना का बहिष्कार कर दिया. साथ ही गोरखपुर MLC सीट के एक अन्य निर्दलीय प्रत्याशी राजीव यादव ने भी मतगणना में गड़बड़ी का आरोप लगाते हुए मतगणना का बहिष्कार किया. इस पर समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव ने भाजपा पर हमला बोला. उन्होंने कहा कि भाजपा MLC जीतने के लिए किसी भी हद तक गिर सकती है. उन्होंने कहा कि भाजपाई वोट से नहीं खोट से जीतते हैं.
समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट करके दावा किया कि संजयन त्रिपाठी को साजिश करके हराया गया है. उन्होंने कहा कि डॉ. संजयन त्रिपाठी को हराने की साज़िश सबके सामने खुल गई है. उन्होंने अपने पोस्ट में लिखा, “भ्रष्ट भाजपाई और उनके षड्यंत्रकारी संगी-साथी व संलिप्त अधिकारी एमएलसी चुनाव जीतने के लिए जिस हद तक गिर सकते थे गिर गये हैं.”
अखिलेश यादव ने लिखा, “डॉ. संजयन त्रिपाठी को मतगणना में घपला करके हराने का कारण सिर्फ़ ये नहीं है कि वो सपा के उम्मीदवार हैं बल्कि इसके पीछे ‘हाता नहीं भाता’ मुख्य कारण है. राजनीति के मामले में भाजपा पातालमुखी हो चुकी है। इतनी बड़ी जालसाज़ी के बाद जनता को ये समझ आ गया है कि भाजपा दरअसल हर सीट पर हारी है. भाजपाई वोट से नहीं खोट से जीतते हैं. डॉ. संजयन त्रिपाठी जी का जिस प्रकार उत्पीड़न किया गया है, उसे उनका पूरा समाज देख रहा है। डॉ त्रिपाठी जी के आँसू उनका समाज और प्रदेश का कोई शिक्षक नहीं भूलेगा.”
शिक्षकों को भाजपा में अपमान के सिवा कुछ और नहीं मिला है. शिक्षकों से चारा इकट्ठा करने तक का जो निकृष्टतम अवांछित काम करवाने का षड्यंत्र किया गया, उसे हर शिक्षक हमेशा याद रखेगा और 2027 के विधानसभा चुनावों में भाजपा को हराकर अपना ‘गुरु संकल्प’ पूरा करेगा. भाजपा की चार सौ बीसी, चार सौ तीन सीटों पर नहीं चलेगी. हम डॉ. संजयन त्रिपाठी जी और उनके समाज के साथ हो रहे हर अन्याय और उत्पीड़न के विरुध्द, भाजपा के ख़िलाफ़ साथ में खड़े हैं और खड़े रहेंगे.“
