HomeदेशPune: हिंदू संगठनों की धमकी के बाद गांव छोड़ने को मजबूर मुस्लिम...

Pune: हिंदू संगठनों की धमकी के बाद गांव छोड़ने को मजबूर मुस्लिम परिवार… 250 लोग छोड़ चुके हैं घर, जानें पूरा मामला

हिंदूवादी संगठनों और दक्षिणपंथी समूहों द्वारा पुणे जिले के मुलशी तालुक के पौड और पिरंगुट गांवों में रैली निकाली गई. इस रैली में मुस्लिम समुदाय को खुलेआम धमकियां दी गई और आर्थिक बहिष्कार की बात की बात की गई.

Pune Muslim News: मुसलमानों के खिलाफ नफरती और भड़काऊ बयान देना देश में आम बात हो गई है. हिंदूवादी संगठन और दक्षिणपंथी नेता खुलेआम मुसलमानों के सामाजिक और आर्थिक बहिष्कार की बात करे रहे हैं. एक ऐसा ही मामला पुणे में पिछले दो महीनों से चल रहा है, जहां हिंदूवादी संगठनों के धमकियों और आर्थिक बहिष्कार के बाद मुस्लिम परिवार पलायन करने के लिए मजबूर हो गए.

क्या है पूरा मामला?

दरअसल, बीते 2 मई को पौड में अन्नपूर्णा देवी की मूर्ति के कथित रूप से अपमान की अफवाह के बाद इलाके में तनाव की स्थिति बन गई. इसके बाद 5 मई को हिंदूवादी संगठनों और दक्षिणपंथी समूहों द्वारा पुणे जिले के मुलशी तालुक के पौड और पिरंगुट गांवों में रैली निकाली गई. इस रैली में मुस्लिम समुदाय को खुलेआम धमकियां दी गई और आर्थिक बहिष्कार की बात की बात की गई.

250 मुसलमान कर चुके हैं पलायन

पिछले दो महीनों से हिंदूवादी संगठनों के द्वारा तोड़फोड़, धमकियों, बहिष्कार और कारोबार बंद करने के दबाव के बाद गांव के 350 मुस्लिम निवासियों में से कम से कम 250 लोगों को कथित तौर पर घर छोड़ने के लिए मजबूर होना पड़ा है.

अनवर अंसारी के गोदाम में लगाई आग, 20 लाख का नुकसान

मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, इन तनावों के बीच कई हिंसा की घटनाएं भी सामने आई. कबाड़ व्यापारी अनवर अंसारी ने आरोप लगाया कि उनका गोदाम पिछले महीने जून को जला दिया गया, जिसमें लाखों का नुकसान हुआ. उन्होंने दावा किया कि गोदाम में आग लगने के कारण लगभग 20 लाख रूपए का नुकसान हुआ. इस घटना की उन्होंने पुलिस से शिकायत भी दर्ज कराई. इसके बाद अनवर अंसारी सुरक्षा के कारण कामशेत में अपने एक रिश्तेदार के घर रह रहे हैं.

हिंदूवादी संगठनों की धमकी के बाद मुसलमानों के कारोबार बंद

हिंदूवादी संगठनों की धमका के बाद मुसलमानों के व्यवसाय बंद हो गए हैं. वहां मौजूद रोशन बेकरी, न्यू संगम बेकरी और न्यू भारत बेकरी सहित स्थानीय व्यवसाय बंद हैं. मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, रोशन बेकरी के मालिक ने कहा कि हमारा परिवार 40 साल से यहां रह रहा है, फिर भी हमें बाहरी लोगों का लेबल दिया जाता है.

‘पुलिस सुरक्षा देने में विफल रही’

रोशन बेकरी के मालिक ने पुलिस पर आरोप लगाते हुए कहा कि पुलिस कोई सुरक्षा प्रदान करने में विफल रही है. इसके साथ ही कहा कि बकरी के बंद होने से लगभग 400 कर्मचारी प्रभावित हुए हैं, जिनमें कई हिंदू विक्रेता भी शामिल हैं.

मुसलमान कामशेत व अन्य इलाकों में कर रहे हैं पलायन

इसी बीच पीपुल्स यूनियन फॉर सिविल लिबर्टीज (PUCL) और एसोसिएशन फॉर प्रोटेक्शन ऑफ सिविल राइट्स (APCR) की फैक्ट-फाइंडिंग टीम ने बीते 2 जुलाई को इन गांवों का दौरा कर स्थिति का जायजा लिया. जायजा लेने के बाद दोनों संगठनों ने बताया कि कई मुस्लिम परिवार अपने घर छोड़कर कामशेत व अन्य इलाकों में पलायन कर चुके हैं.

हिंदू राष्ट्र सेना के नेता धनंजय देसाई पर आरोप

पीपुल्स यूनियन फॉर सिविल लिबर्टीज ने इस दौरान हिंदू राष्ट्र सेना के नेता धनंजय देसाई द्वारा धमकाने की भी रिपोर्ट की. धनंजय देसाई पर विट्ठलवाड़ी गांव के पास एक फार्महाउस से धमकियों की साजिश रचने का आरोप है. बता दें कि देसाई पर 2014 के मोहसिन शेख हत्या मामले में मुकदमा चलाया गया था और उसे बरी कर दिया गया था. फिलहाल वह संपत्ति की अवैध जब्ती से जुड़े एक अलग मामले में फरार चल रहा है.

कानूनी कार्रवाई की तैयारी

पीपुल्स यूनियन फॉर सिविल लिबर्टीज जायजा लेने के बाद मुसलमानों के आर्थिक बहिष्कार की निंदा करते हुए इसे असंवैधानिक बताया और कहा कि देश में कहीं भी व्यापार करने का अधिकार संविधान द्वारा गारंटीकृत है. वहीं आगे कहा कि इन उल्लंघनों के खिलाफ वह कानूनी कार्रवाई करने की तैयारी कर रहे हैं.

spot_img
1,716FansLike
6,134FollowersFollow
118FollowersFollow
20,100SubscribersSubscribe