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TMC में टूट के बाद नया नाम-सिंबल पर बवाल, ममता बनर्जी ने चुनाव आयोग को सौंपे नाम-चिह्न के विकल्प

West Bengal News: पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस दो गुटों में बंटने के बाद पार्टी के नाम और चुनाव चिन्ह को लेकर विवाद बढ़ गया है. दोनों गुटों ने चुनाव आयोग का दरवाजा खटखटाया. आयोग ने फिलहाल पुराने नाम और सिंबल के इस्तेमाल पर रोक लगाई है. ममता बनर्जी ने नए नाम और चिह्न के विकल्प दिए हैं. पूरी खबर जानने के लिए नीचे स्क्रॉल करें.

 

West Bengal News: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में तृणमूल कांग्रेस की करारी हार के बाद तृणमूल कांग्रेस के कई विधायक भारतीय जनता पार्टी का दामन थाम लिया और तृणमूल कांग्रेस (TMC) दो गुटों में बंट गई. दोनों गुट अपने लिए तृणमूल कांग्रेस नाम का उपयोग करना चा रहे थे. इस बीच दोनों पक्षों ने चुनाव आयोग का दरवाजा खटखटाया. चुनाव आयोग ने दोनों पार्टियों को मसले का हल निकलने तक तृणमूल कांग्रेस नाम का उपयोग करने पर रोक लगा दी. खबर है कि पूर्व मुख्यमंत्री ममत बनर्जी ने चुनाव आयोग को पार्टी के नए नाम और चुनाव चिन्ह के विकल्प सौंप दिए हैं.

ममता बनर्जी ने चुनाव आयोग की फ्री सिंबल लिस्ट से इन प्रतीकों का चयन किया गया है. अब सभी की नजरें आयोग के अंतिम फैसले पर टिकी हैं. ममता बनर्जी की टीम ने पार्टी के नए नाम के लिए अपनी तरफ से चुनाव आयोग को तीन नाम दिए हैं. जिसमें एक तृणमूल कांग्रेस है और दूसरा खुद ममता बनर्जी का नाम है. साथ ही चुनाव चिह्न के लिए खेल से जुड़े प्रतीक दिए गए हैं. जानकारों का मानना है कि ममता ने पार्टी के नाम के लिए खुद का नाम इसलिए दिया है, ताकि उनकी मतदाताओं के बीच अपनी मूल राजनीतिक पहचान और सर्वोच्च नेता के जुड़ाव स्पष्ट बना रहे.

अब इस मामले में आखिरी फैसला चुनाव आयोग के निर्णय पर टिका हुआ है. गौरतलब है कि तृणमूल कांग्रेस के दोनों गुटों ने असली तृणमूल कांग्रेस होने के दावों को लेकर चुनाव आयोग का दरवाजा खटखटाया था. चुनाव आयोग ने दोनों गुटों को अपने दावे, तर्क और सबूत पेश करने के लिए तीन बार मौका दिया. वहीं, चुनाव आयोग ने इस विवाद की गंभीरता और उपचुनावों की निष्पक्षता को देखते हुए अंतरिम व्यवस्था के तहत अगले आदेश तक दोनों पक्षों के लिए ‘ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस’ नाम और पार्टी का सिंबल पर रोक लगा दी. अब ममता बनर्जी ने पार्टी के लिए तीन नए नामों और दो चिन्ह का विकल्प चुनाव आयोग को सौंप दी है.

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